छत्तीसगढ़, 16 अग.। चर्चा कोरिया में भारत के पूर्व प्रधानमंत्री एवं भारत रत्न अटल बिहारी वाजपेयी की आठवीं पुण्यतिथि श्रद्धा पूर्वक मनाई गई।
चरचा, कोरिया छत्तीसगढ़ से प्रभात दास की रिपोर्ट, रविवार, 16 अगस्त 2026 को देशभर मेंश्री अटल बिहारी वाजपेयी की जयंती श्रद्धापूर्वक मनाई गई। नगर पालिका परिषद शिवपुर-चरचा के वार्ड क्रमांक 6 स्थित मेन रोड के अटल परिसर में श्रद्धांजलि कार्यक्रम आयोजित किया गया। निर्धारित कर्यक्रम में नगर पालिका उपाध्यक्ष राजेश सिंह ने अटल बिहारी वाजपेयी की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर पुष्प अर्पित किए और उन्हें श्रद्धापूर्वक नमन किया।
इस अवसर पर बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि, भाजपा पदाधिकारी, महिला एवं युवा मोर्चा के पदाधिकारी तथा पार्टी कार्यकर्ता उपस्थित रहे। सभी ने अटल बिहारी वाजपेयी के चित्र एवं प्रतिमा पर पुष्प अर्पित कर उनके राष्ट्रसेवा, सुशासन और राजनीतिक जीवन को याद किया।
कार्यक्रम में पार्षद प्रदीप तिवारी, रामकली पाल, कुंडल साय, श्याम नारायण यादव, महिला मोर्चा अध्यक्ष श्रीमती झरमिला देवी, युवा मोर्चा अध्यक्ष श्रीराम दुबे, मंडल उपाध्यक्ष आदित्य जायसवाल, उमाशंकर, कमलेश कुमार, अशोक बंजारे, जिला महामंत्री साक्षी सिंह सहित अनेक पार्टी कार्यकर्ताओं ने श्रद्धांजलि अर्पित की
देश के विकास में वाजपेयी का योगदान अविस्मरणीय
श्रद्धांजलि कार्यक्रम को संबोधित करते हुए नगर पालिका उपाध्यक्ष राजेश सिंह ने कहा कि अटल बिहारी वाजपेयी भारतीय राजनीति के ऐसे महान व्यक्तित्व थे, जिन्होंने अपने सिद्धांतों, विचारों और राष्ट्रहित को सर्वोच्च प्राथमिकता दी। उन्होंने कहा कि वाजपेयी जी का पूरा राजनीतिक जीवन देश की एकता, अखंडता और विकास के लिए समर्पित रहा। उनके विचार और आदर्श आज भी देश के करोड़ों लोगों को प्रेरणा देते हैं।
राजेश सिंह ने कहा कि अटल बिहारी वाजपेयी एक कुशल राजनेता होने के साथ-साथ प्रखर वक्ता, संवेदनशील कवि और दूरदर्शी राष्ट्रनेता थे। उनके नेतृत्व में देश ने अनेक महत्वपूर्ण क्षेत्रों में उल्लेखनीय प्रगति की। उन्होंने कहा कि वाजपेयी जी ने राजनीति में मर्यादा, संवाद और लोकतांत्रिक मूल्यों को हमेशा महत्व दिया, जिसके कारण वे सभी दलों और वर्गों में सम्मानित रहे।
तीन बार संभाली प्रधानमंत्री पद की जिम्मेदारी
अटल बिहारी वाजपेयी देश के तीन बार प्रधानमंत्री रहे। वर्ष 1996 में उन्होंने पहली बार प्रधानमंत्री पद की जिम्मेदारी संभाली। इसके बाद वर्ष 1998 और 1999 में वे दोबारा प्रधानमंत्री बने। वर्ष 1999 से 2004 तक उन्होंने देश का नेतृत्व करते हुए पूर्ण कार्यकाल पूरा किया। उनके कार्यकाल में देश की आधारभूत संरचना, राष्ट्रीय सुरक्षा, सड़क एवं संचार व्यवस्था सहित विभिन्न क्षेत्रों में महत्वपूर्ण पहल हुईं। वाजपेयी जी की सरलता, स्पष्टवादिता और प्रभावशाली वक्तृत्व शैली ने उन्हें भारतीय राजनीति में अलग पहचान दिलाई।
राष्ट्रनेता को किया भावपूर्ण स्मरण
वाजपेयी का निधन 16 अगस्त 2018 को हुआ था। उनकी पुण्यतिथि पर देशभर में राजनीतिक दलों, सामाजिक संगठनों और उनके समर्थकों ने उन्हें याद करते हुए राष्ट्र के प्रति उनके योगदान को नमन किया। शिवपुर-चरचा के अटल परिसर में आयोजित कार्यक्रम में भी उपस्थित लोगों ने उनके बताए मार्ग पर चलने और राष्ट्रहित को सर्वोपरि रखने का संकल्प लिया।
कार्यक्रम के दौरान उपस्थित कार्यकर्ताओं ने कहा कि अटल बिहारी वाजपेयी का व्यक्तित्व और कृतित्व आने वाली पीढ़ियों के लिए सदैव प्रेरणास्रोत बना रहेगा। श्रद्धांजलि कार्यक्रम का समापन वाजपेयी जी के आदर्शों और राष्ट्रसेवा के संकल्प के साथ हुआ।














